1 तीमुथियुस 4:7-8
- विषय: आत्म-नियंत्रण
“परन्तु अपवित्र और पुरानी कहानियों को त्याग दो, और ईश्वर भक्ति का अभ्यास करो। क्योंकि शारीरिक व्यायाम से थोड़ा ही लाभ होता है, परन्तु ईश्वर भक्ति सर्वथा लाभदायक है, क्योंकि इसमें वर्तमान जीवन और आने वाले जीवन दोनों की प्रतिज्ञा है।”
1 तीमुथियुस 4:7-8
पौलुस तीमोथी से कहता है कि वह स्वयं को ईश्वर भक्ति के लिए प्रशिक्षित करे, ठीक वैसे ही जैसे कोई अपने शरीर को फिट रखने के लिए प्रशिक्षित करता है। शारीरिक व्यायाम अच्छा है, लेकिन आध्यात्मिक अनुशासन का शाश्वत महत्व है।
आज का चिंतन